लंदन। ब्रिटेन सरकार ने इस्लामी समूह हिजबुत तहरीर (Islamist group Hizbut Tahrir) पर औपचारिक रूप से प्रतिबंध लगा दिया है और समूह से संबद्धता या इसका समर्थन किया जाना अपराध की श्रेणी में होगा। ब्रिटेन के गृह मंत्री जेम्स स्पेंसर क्लेवरली (Britain's Home Secretary James Spencer Cleverley) ने प्रतिबंध पर एक बयान में कहा ''हिजबुत तहरीर आतंकवाद (Hizbut Tahrir promotes terrorism) को बढ़ावा देता है। यह एक घृणित, यहूदी विरोधी समूह है। हमारे देश में इसकी कोई जगह नहीं है. आज से, समूह का कोई भी सदस्य या कोई भी जो इसके लिए समर्थन आमंत्रित करता है , वह कानून का सामना करेगा।''
श्री क्लेवरली ने पिछले हफ्ते कहा था कि समूह का हमास द्वारा किए गए घृणित हमलों को बढ़ावा देना और प्रोत्साहित करना उन सभी चीजों के खिलाफ है जिनके लिए उनका देश खड़ा है। यह प्रतिबंध संसदीय मंजूरी के बाद शुक्रवार को लागू हुआ और प्रभावी रूप से समूह को प्रतिबंधित संगठन अल कायदा और आतंकवादी इस्लामिक स्टेट समूह के समान श्रेणी में रखता है।
हिजबुत तहरीर, ''मुक्ति की पार्टी'' की स्थापना 1953 में जॉर्डन में ताकीउद्दीन अल-नभानी द्वारा की गई थी। हालाँकि शुरू में इसका ध्यान इस्लाम के माध्यम से अरब एकीकरण पर था, लेकिन बाद में यह इस्लामी खिलाफत को फिर से स्थापित करने के मिशन के साथ विश्व स्तर पर फैल गया।
ब्रिटेन में 1986 में स्थापित इस समूह ने शुरू में यहां अस्थायी रूप से रहने वाले मुसलमानों को लक्षित किया, लेकिन बाद में अपना ध्यान विश्वविद्यालय परिसरों में दूसरी पीढ़ी के ब्रिटिश मुसलमानों की भर्ती पर केंद्रित कर दिया। ब्रिटेन शाखा में प्रमुख हस्तियों में उमर बकरी मुहम्मद और अब्दुल वाहिद शामिल थे। पाकिस्तान में 2012 और 2016 के बीच, कई मध्यम वर्ग के पेशेवरों, कॉलेज और विश्वविद्यालय के शिक्षकों और कुछ छात्रों को समूह से जुड़े होने के कारण देश के विभिन्न हिस्सों से गिरफ्तार किया गया था। हिजबुत तहरीर जर्मनी, मिस्र, पाकिस्तान और अन्य देशों सहित कई देशों में प्रतिबंधित है, लेकिन ब्रिटेन ने अब तक ऐसी कार्रवाई नहीं की थी। ब्रिटेन में इस प्रतिबंध का बड़े पैमाने पर स्वागत किया गया, लेकिन सोशल प्लेटफॉर्म पर कुछ विश्लेषकों ने कहा कि यह ब्रिटेन में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के लिए बुरा संकेत है।
तुर्की के लेखक और पत्रकार मुस्तफ़ा अक्योल ने कहा: ''ब्रिटेन, जो स्वतंत्र अभिव्यक्ति का प्रतीक हुआ करता था, एक गलत मोड़ लेने वाला है। हिजबुत तहरीर एक कट्टर विचारधारा वाली इस्लामी पार्टी है जिसका मैंने कड़ा विरोध किया है। लेकिन यह किसी हिंसा में शामिल नहीं है। इस पर प्रतिबंध लगाना विचारों के अपराधीकरण की दिशा में एक खतरनाक कदम होगा।''



Mahanagar Media Network Pvt.Ltd.
Sudhir Dalvi: +91 99673 72787
Manohar Naik:+91 98922 40773
Neeta Gotad - : +91 91679 69275
Sandip Sabale - : +91 91678 87265
info@hamaramahanagar.net
© Hamara Mahanagar. All Rights Reserved. Design by AMD Groups
Sat, Jan 20 , 2024, 02:29 AM