How to File an Insurance Claim: करोड़ों प्राइवेट कर्मचारियों के लिए अच्छी खबर; बिना एक भी पैसा दिए 7 लाख रुपये का इंश्योरेंस पाएं; कैसे क्लेम करें?

Sat, Mar 21 , 2026, 03:41 PM

Source : Hamara Mahanagar Desk

EPFO Insurance Claim: प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले कर्मचारियों को EPFO ​​की EDLI (Employee Deposit Linked Insurance) स्कीम के तहत पूरी तरह से फ्री लाइफ इंश्योरेंस (free life insurance) मिलता है। इसके लिए आपको खुद एक भी पैसा प्रीमियम नहीं देना पड़ता। सारा खर्च कंपनी उठाती है। कर्मचारी की अचानक मौत होने पर परिवार को यह रकम फाइनेंशियल मदद के तौर पर मिलती है।

यह सुरक्षा किसे मिलती है?
सिर्फ़ प्राइवेट सेक्टर के कर्मचारी जिनकी सैलरी से PF (प्रोविडेंट फंड) कटता है, वे अपने आप इस स्कीम के मेंबर बन जाते हैं। यह सरकारी नौकरी या दूसरी स्कीम पर लागू नहीं होता है।

इंश्योरेंस की रकम कितनी और कैसे तय होती है?
ज़्यादा से ज़्यादा 7 लाख रुपये कवर होते हैं। यह रकम आपकी सैलरी, PF कंट्रीब्यूशन और नौकरी के समय से तय होती है। अगर नौकरी के पहले साल में आपकी मौत हो जाती है, तो परिवार को कम से कम 50,000 रुपये मिलते हैं।

कौन क्लेम कर सकता है?
सिर्फ़ कर्मचारी की तरफ़ से पहले से अपॉइंट किया गया नॉमिनी ही क्लेम कर सकता है। नॉमिनी का e-KYC पूरा होना चाहिए। यह रकम मौत के बाद सीधे परिवार को मिलती है।

क्या नौकरी बदलने पर इंश्योरेंस खत्म हो जाता है?
नहीं! नौकरी बदलने के बाद भी इंश्योरेंस चलता रहता है, लेकिन कुछ नियमों का पालन करना होगा। पुराना PF अकाउंट एक्टिव रखें, तुरंत नई नौकरी जॉइन करें और PF कंट्रीब्यूशन करते रहें। लंबे गैप (महीनों या सालों तक बेरोज़गार रहना) से बचें, नहीं तो इंश्योरेंस खतरे में पड़ सकता है। 60 दिन के गैप का नियम ऑफिशियल नहीं है, यह सिर्फ़ कुछ कंपनियों की प्रैक्टिस है।

इंश्योरेंस कैंसिल करने के क्या कारण हैं?
अगर PF अकाउंट बंद हो जाता है, कंट्रीब्यूशन बंद हो जाता है, UAN (यूनिवर्सल अकाउंट नंबर) नई कंपनी से लिंक नहीं होता है या नॉमिनेशन अपडेट नहीं होता है, तो इंश्योरेंस खत्म हो सकता है। इसलिए नौकरी बदलते समय सावधान रहें।

UAN और नॉमिनेशन कितने ज़रूरी हैं?
नौकरी बदलते समय हमेशा पुराना UAN दें। UAN को आधार और KYC से लिंक करें। ई-नॉमिनेशन (ऑनलाइन नॉमिनी) अपडेट रखें। ऐसा करने से आपकी सारी PF हिस्ट्री एक साथ रहती है और इंश्योरेंस सुरक्षित रहता है।

क्लेम कैसे और कब मिलेगा?
मौत के बाद, नॉमिनी को फॉर्म 5IF भरकर डेथ सर्टिफिकेट, KYC डॉक्यूमेंट्स EPFO ​​में जमा करने चाहिए। नियमों के मुताबिक, पैसा 30 दिनों के अंदर मिल जाना चाहिए। देरी होने पर EPFO ​​को ब्याज देना पड़ता है।

Latest Updates

Latest Movie News

Get In Touch

Mahanagar Media Network Pvt.Ltd.

Sudhir Dalvi: +91 99673 72787
Manohar Naik:+91 98922 40773
Neeta Gotad - : +91 91679 69275
Sandip Sabale - : +91 91678 87265

info@hamaramahanagar.net

Follow Us

© Hamara Mahanagar. All Rights Reserved. Design by AMD Groups