Textile Industry Growth : वस्त्र मंत्रालय ने केंद्रीय बजट घोषणाओं 2026-27 पर उत्तरी क्षेत्र के हितधारकों के साथ परामर्श का आयोजन किया!

Tue, Apr 07 , 2026, 10:22 PM

Source : Uni India

नयी दिल्ली . केंद्रीय वस्त्र मंत्रालय की सचिव नीलम शमी राव ने मंगलवार को कहा कि भारत का वस्त्र उद्योग 2030 तक 350 अरब डॉलर तक बढ़ने के लिए तैयार है, जिसमें निर्यात में उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद है। उन्होंने नवाचार को बढ़ावा देने, योजनाओं में समन्वय को मजबूत करने और एक मजबूत पारिस्थितिकी तंत्र बनाने की आवश्यकता पर बल दिया जो लागत प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ाता है और सतत विकास का समर्थन करता है।

सुश्री राव में केंद्रीय बजट 2026-27 पर उत्तरी क्षेत्र के हितधारकों के साथ परामर्श के लिए वस्त्र मंत्रालय द्वारा नयी दिल्ली में आयोजित बैठक के समापन सत्र को संबोधित कर रही थीं। इस बैठक में राज्य सरकारों, उद्योग निकायों, उद्यमियों, शिक्षाविदों, वस्त्र अनुसंधान संघों, निर्यात संवर्धन परिषदों और पुरस्कार विजेता बुनकरों और कारीगरों सहित 200 से अधिक हितधारकों ने भाग लिया। सुश्री राव ने कहा कि बजट में प्रस्तावित योजनाएं विनिर्माण को बढ़ावा देने, रोजगार सृजन और निर्यात प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ाने पर केंद्रित हैं, और मूल्य श्रृंखलाओं में नवाचार को बढ़ावा देने के लिए हैं। उन्होंने वैश्विक बाजारों में "इंडिया हैंडमेड" को मजबूती से स्थापित करने और रचनात्मक अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाने के महत्व पर बल दिया। उन्होंने आश्वासन दिया कि परामर्श के दौरान प्राप्त बहुमूल्य सुझावों का ध्यानपूर्वक अध्ययन किया जाएगा और आगामी योजनाओं (Upcoming Schemes) के डिजाइन और कार्यान्वयन में उन्हें उचित रूप से शामिल किया जाएगा।

यह परामर्श मंत्रालय द्वारा केंद्रीय बजट 2026-27 में घोषित प्रमुख योजनाओं और पहलों पर विचार-विमर्श करने के चल रहे प्रयासों का एक हिस्सा है। इसका उद्देश्य कार्यान्वयन पद्धतियों पर संरचित संवाद को सुगम बनाना, परिचालन संबंधी चुनौतियों की पहचान करना और प्रस्तावित हस्तक्षेपों के प्रभावी और समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए एक सहयोगात्मक रोडमैप तैयार करना है। परामर्श अलग-अलग सत्रों में संरचित किया गया था ताकि केंद्रित और योजना-विशिष्ट विचार-विमर्श संभव हो सके।

बैठक में वस्त्र क्षेत्र के लिए एकीकृत कार्यक्रम, जिसमें वस्त्र विस्तार और रोजगार  (टीईईएम) योजना, टेक्स-इको पहल और मेगा टेक्सटाइल पार्क शामिल हैं। राष्ट्रीय फाइबर मिशन समर्थ 2.0, राष्ट्रीय हथकरघा और हस्तशिल्प कार्यक्रम (NHHP) और महात्मा गांधी ग्राम स्वराज पहल (NHHP) संदर्भ स्पष्ट करते हुए, वस्त्र मंत्रालय के विशेष सचिव और वित्तीय सलाहकार असित गोपाल ने प्रस्तावित योजनाओं को जमीनी हकीकतों और कार्यान्वयन संबंधी चुनौतियों के अनुरूप बनाने के लिए राज्यों और हितधारकों के साथ निरंतर संपर्क के महत्व पर प्रकाश डाला।

डॉ. एम. बीना, विकास आयुक्त (हथकरघा), ने हितधारकों से प्रस्तावित योजनाओं के विभिन्न घटकों से संबंधित जमीनी स्तर की चुनौतियों और व्यावहारिक समाधानों को सक्रिय रूप से साझा करने का आग्रह किया। विकास आयुक्त (हस्तशिल्प) अमृत राज ने प्रधानमंत्री के "गांव को वैश्विक स्तर पर ले जाने" के दृष्टिकोण पर प्रकाश डाला, जिसमें मूल्य श्रृंखला में गुणवत्ता पर विशेष बल दिया गया है। उन्होंने भारतीय वस्त्रों और हस्तशिल्पों की वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ाने के लिए उत्पादन प्रक्रियाओं, उत्पाद डिजाइन और परिष्करण, साथ ही आपूर्ति श्रृंखलाओं और रसद में गुणवत्ता को मजबूत करने की आवश्यकता पर बल दिया।

Latest Updates

Latest Movie News

Get In Touch

Mahanagar Media Network Pvt.Ltd.

Sudhir Dalvi: +91 99673 72787
Manohar Naik:+91 98922 40773
Neeta Gotad - : +91 91679 69275
Sandip Sabale - : +91 91678 87265

info@hamaramahanagar.net

Follow Us

© Hamara Mahanagar. All Rights Reserved. Design by AMD Groups